सिरसा शहर में उधेड़ी गई सड़कों से लोग परेशान, स्टॉर्म वॉटर परियोजना पर उठे सवाल

सिरसा। प्रदेश कांग्रेस प्रतिनिधि राजकुमार शर्मा ने कहा कि स्टॉर्म वॉटर परियोजना के चलते पूरे शहर का बुरा हाल हो गया है। शहर की लगभग सभी प्रमुख सड़कें जगह-जगह से उधेड़ दी गई हैं, जिसके कारण लोगों को आने-जाने में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। जारी बयान में उन्होंने कहा कि शहर के चौक-चौराहों और बाजारों में दिनभर जाम की स्थिति बनी रहती है, जिससे आम लोगों के साथ-साथ दुकानदारों और व्यापारियों का काम-धंधा भी प्रभावित हो रहा है।
शर्मा ने कहा कि आगे त्योहारी मौसम शुरू होने वाला है। ऐसे समय में बाजारों में लोगों की आवाजाही बढ़ेगी, लेकिन सड़कों की बदहाल स्थिति और जगह-जगह चल रहे निर्माण कार्य के कारण व्यापारियों को इसका खामियाजा भुगतना पड़ रहा है।
उन्होंने कहा कि प्रशासन को काम में तेजी लाने के साथ-साथ आम जनता की परेशानी को ध्यान में रखते हुए यातायात व्यवस्था सुचारू रखने के लिए भी उचित कदम उठाने चाहिए। उन्होंने कहा कि स्टॉर्म वॉटर परियोजना का काम व्यवस्थित तरीके से नहीं हो रहा। मौके पर नगर परिषद का कोई अधिकारी नजर नहीं आता, जो निर्माण कार्य की नियमित मॉनिटरिंग कर सके। राजकुमार शर्मा ने कहा कि जिस तरह से काम किया जा रहा है, उससे परियोजना की गुणवत्ता को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
शर्मा ने कहा कि कई स्थानों पर पाइपें बिना उचित नीचे का बेड तैयार किए ही डाली जा रही हैं। उन्होंने कहा कि पाइपों के नीचे निर्धारित मानकों के अनुसार बेड न बनाए जाने से भविष्य में पाइपों के क्षतिग्रस्त होने की पूरी आशंका है। ऐसी स्थिति में परियोजना पूरी होने के कुछ समय बाद दोबारा सड़कें खोदने की नौबत आ जाएगी। इससे सरकारी धन की बर्बादी के साथ-साथ जनता की परेशानी भी बढ़ेगी।
उन्होंने कहा कि करोड़ों रुपये की लागत वाली इस परियोजना के काम की गुणवत्ता और खर्च की उचित निगरानी जरूरी है। उन्होंने कहा कि जिस तरह पहली परियोजना का कोई लाभ लोगों को नहीं मिल पाया, उसी तरह मौजूदा परियोजना को लेकर भी लोगों में सवाल उठ रहे हैं। राजकुमार शर्मा ने कहा कि पूरे शहर को इस अव्यवस्थित तरीके से किए जा रहे काम का खामियाजा भुगतना पड़ रहा है। लोगों का काम-धंधा प्रभावित हो रहा है, यातायात व्यवस्था बिगड़ी हुई है और हर तरफ अव्यवस्था का माहौल बना हुआ है।

Pauline Roussel

Je suis Pauline Roussel, journaliste culinaire et consultante en arts de la table depuis plus de quinze ans. Diplomee en management de l’hotellerie-restauration a l’Institut Paul Bocuse et ancienne critique gastronomique pour un guide regional Gault&Millau, j’ai explore cuisines de terroir et tables etoilees. Mon travail m’a menee des bistrots parisiens aux auberges familiales italiennes, avec une attention particuliere pour le lien entre gastronomie, voyage et art de recevoir a la maison. Je partage ici mes experiences concretes, mes methodes d’organisation et mes adresses preferees pour aider chacun a cuisiner mieux et accueillir avec confiance.

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